|
पुरातत्वीय
संग्रहालय,
हलेबिड
(जिला
हासन,
कर्नाटक)
यह
संग्रहालय 1970
के दशक के
प्रारम्भिक
भाग में स्थापित
किया गया
था। इस
संग्रहालय
में
हलेबिडु
में तथा
उसके आसपास
प्राप्त
की गई 1500 से
अधिक
मूर्तियॉं,
पुरातत्वीय
अवशेष,
ऐतिहासिक
महत्व के
अभिलेख आदि
मौजूद हैं।
संग्रह को
एक बन्द
मूर्ति
दीर्घा तथा
साथ ही,
विशाल
आरक्षित
संग्रह
वाले एक
खुले
संग्रहालय
में
प्रदर्शित
किया गया
है। इसमें
एक जैन
बसदी
के
क्षतिग्रस्त
जलाशय से
निकाली गई 18'
की
तीर्थंकर
की मूर्ति
भी
प्रदर्शित
है।
ऊपर से
खुले
संग्रहालय
में अनेक
महत्वपूर्ण
प्रतिमाएं
प्रदर्शित
की गई हैं
जैसे
गोवर्धनगिरिधारी
कृष्ण,
नृत्यरत
शिव, नटराज
और वीणा
सरस्वती,
नृत्यरत
गणेश, लेटे
हुए नन्दी
की सुन्दर
प्रतिमा।
ब्रह्म-सरस्वती,
नग्न काल
भैरव, माता
और सन्तान,
लकड़ी पर की
गई नक्काशियॉं
और
तीर्थंकर
की कांस्य
प्रतिमा
मूर्तिदीर्घा
में
प्रदर्शित
महत्वपूर्ण
वस्तुएं
हैं। इस
संग्रहालय
की सर्वोत्कृष्ट
कला वस्तुओं
ने फ्रांस,
जापान तथा
अन्य
देशों में
आयोजित
विभिन्न
प्रदर्शनियों
में भारतीय
कला का
प्रतिनिधित्व
किया है।
खुले
रहने का समय :
10.00 बजे
पूर्वाह्न
से 5.00 बजे
अपराह्न तक
बंद
रहने का दिन :
शुक्रवार
प्रवेश
शुल्क : 5/- रू.
प्रति व्यक्ति
(15 वर्ष तक
के बच्चों
के लिए नि:शुल्क)
|